मास्को। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन सोमवार को अचानक सीरिया दौरे पर पहुंचे। उन्होंने रूसी सेना के एक हिस्से को सीरिया से लौटने का आदेश दिया। पुतिन ने कहा कि मास्को और दमिश्क ने आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (आइएस) को तबाह करने के लक्ष्य को हासिल कर लिया है।

यह घोषणा रूसी राष्ट्रपति ने सीरिया के लटाकिया प्रांत में हेमीमीम स्थित रूसी एयरबेस पर की। यहीं उन्होंने सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल-असद से बातचीत की और रूसी सैनिकों को संबोधित भी किया। पुतिन मिस्र जाने के दौरान यहां रुके थे।

उन्होंने रूसी सैनिकों से कहा, 'अगर आतंकी फिर से सिर उठाएंगे तो हम उन्हें ऐसी चोट पहुंचाएंगे कि वे फिर कभी नजर नहीं आएंगे।' वहीं रूसी राष्ट्रपति के कार्यालय ने अपनी वेबसाइट पर बताया कि पुतिन ने रूसी बलों को अपने स्थायी बेस में वापसी की शुरुआत करने का आदेश दिया है। हालांकि पुतिन ने यह साफ कर दिया है कि सीरिया में रूस का एयरबेस और नौसैनिक अड्डा बरकरार रहेगा।

गौरतलब है कि रूस ने सीरिया में पहली बार 2015 में हवाई हमले शुरू किए थे। उसका पिछले कई दशकों में मध्य पूर्व में यह सबसे बड़ा दखल था। उसके हमले से लड़ाई का रुख असद के पक्ष में हो गया था। इससे मध्य पूर्व में मास्को का प्रभाव भी बढ़ गया।